प्रभारी मंत्री ने महाराजगंज में गिनाईं अधिनियम की खूबियां, कहा- मनरेगा से अधिक पारदर्शी और प्रभावी है नई व्यवस्था।
Reported by: Adrash Tripathi
Edited by: Amit Yadav
Updated: 11 January, 2026 (Sunday, 05:15pm)IST
महराजगंज: उत्तर प्रदेश के आयुष मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं जनपद के प्रभारी मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्रा ‘दयालु’ ने ‘जी राम जी अधिनियम’ को ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पारदर्शिता के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी कदम बताया है। भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि यह अधिनियम भ्रष्टाचार पर सीधी डिजिटल चोट है, जिससे न केवल बिचौलियों की भूमिका समाप्त होगी, बल्कि अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को सीधा लाभ मिलेगा।
185 दिन के रोजगार की गारंटी:
मंत्री डॉ. मिश्रा ने बताया कि इस अधिनियम के तहत रोजगार के दायरे को काफी विस्तृत किया गया है। पहले प्रति परिवार 100 दिन का रोजगार मिलता था, जिसे बढ़ाकर अब 125 दिन कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त, कृषि कार्यों के लिए 60 दिन अलग से आरक्षित किए गए हैं। इस प्रकार, अब एक वर्ष में कुल 185 दिनों के रोजगार की पुख्ता गारंटी सुनिश्चित की गई है।
भुगतान में देरी पर मिलेगा ब्याज:
श्रमिकों के हितों की रक्षा का जिक्र करते हुए प्रभारी मंत्री ने कहा कि अब मजदूरी का भुगतान साप्ताहिक आधार पर होगा। यदि सात दिनों के भीतर भुगतान नहीं होता है, तो संबंधित मजदूर को ब्याज सहित पैसा दिया जाएगा। साथ ही, यदि आवेदन के 15 दिनों के भीतर काम उपलब्ध नहीं कराया जाता, तो बेरोजगारी भत्ता देने का भी स्पष्ट प्रावधान है।
तकनीक से रुकेगी धांधली:
प्रभारी मंत्री ने कहा कि मनरेगा जैसी योजनाओं में फर्जी जॉब कार्ड और भुगतान में देरी जैसी शिकायतें आम थीं, लेकिन ‘जी राम जी अधिनियम’ में तकनीक के जरिए इन कमियों को दूर कर दिया गया है।
- GPS निगरानी: कार्यों की मॉनिटरिंग जीपीएस के माध्यम से होगी।
- सोशल ऑडिट: वर्ष में दो बार सामाजिक ऑडिट किया जाएगा।
- डिजिटल पारदर्शिता: साप्ताहिक सार्वजनिक डेटा प्रकाशित किया जाएगा।
‘पारदर्शी शासन की पहचान बनेगा अधिनियम’:
इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष संजय पांडेय ने कहा कि यह अधिनियम प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति का उदाहरण है। प्रेस वार्ता में जिला महामंत्री राजेश उर्फ बबलू यादव और जिला मीडिया प्रभारी संजीव शुक्ला सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।













