Reported by: Adrash Tripathi
Edited by: Amit Yadav
Updated: 27 February, 2026 (Friday, 07:51am)IST
महराजगंज: जनपद में विकास कार्यों और जनहितकारी योजनाओं की सुस्त रफ्तार पर जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने कड़ा रुख अपनाया है। बृहस्पतिवार शाम कलेक्ट्रेट सभागार में ‘सीएम डैशबोर्ड’ की प्रगति समीक्षा के दौरान उन्होंने विभागों को फटकार लगाते हुए स्पष्ट किया कि बच्चों के स्वास्थ्य और जनकल्याणकारी कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता अक्षम्य होगी।
कुपोषण के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’:
बैठक में पोषण अभियान के तहत जनपद की खराब रैंकिंग पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने जिले में सैम (अति कुपोषित) और मैम (मध्यम कुपोषित) बच्चों की स्थिति पर चिंता जताते हुए निर्देश दिए कि इन बच्चों की सतत निगरानी की जाए। डीएम ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा, “बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़ा मामला शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसमें लापरवाही बरतने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।”
27 फरवरी को होगी गोवंशों की गिनती:
पशुपालन विभाग की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने समस्त गो आश्रय केंद्रों में संरक्षित गोवंशों की वास्तविक संख्या का पता लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने आदेश दिया कि 27 फरवरी को विशेष अभियान चलाकर जिले के सभी केंद्रों पर पशुओं की गणना सुनिश्चित की जाए, ताकि चारे और रखरखाव की व्यवस्था को और पारदर्शी बनाया जा सके।
अधिकारियों को समयबद्धता के निर्देश:
समीक्षा बैठक के दौरान डीएम ने विभिन्न विभागों को सीएम डैशबोर्ड पर अपनी रैंकिंग सुधारने के कड़े निर्देश दिए। बैठक में महेंद्र कुमार सिंह, मुख्य विकास अधिकारी (CDO), डॉ. नवनाथ प्रसाद, मुख्य चिकित्साधिकारी (CMO), विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।












