पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय: तराई और पश्चिमी यूपी में 50 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, पारा 5 डिग्री तक गिरेगी
Published by: Up Times Live Team
Updated: 14 March, 2026 (Saturday, 10:15pm)IST
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी की दस्तक के बीच मौसम ने करवट बदल ली है। एक नए पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से प्रदेश के मौसम में बड़ा बदलाव आने वाला है। मौसम विभाग ने रविवार (15 मार्च) और सोमवार को प्रदेश के तराई व पश्चिमी इलाकों समेत लगभग 35 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं का ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है।
तराई के 6 जिलों में ओलावृष्टि की चेतावनी:
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, पूर्वी तराई के महाराजगंज, कुशीनगर, सिद्धार्थ नगर, देवरिया, गोरखपुर और संत कबीर नगर में ओलावृष्टि (हिलस्टॉर्म) की प्रबल आशंका है। इन क्षेत्रों में मेघगर्जन और वज्रपात (बिजली गिरने) को लेकर भी प्रशासन ने सतर्क रहने की सलाह दी है।
40 डिग्री के पार पहुंचा पारा, अब मिलेगी राहत:
शुक्रवार को बांदा में सीजन का सबसे अधिक तापमान 40.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि वाराणसी और प्रयागराज में भी पारा 37 डिग्री के करीब रहा। हालांकि, वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक, इस नए विक्षोभ के असर से दिन के तापमान में 2 से 4 डिग्री और रात के तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे तपती गर्मी से अस्थायी राहत मिलेगी।
19 मार्च से एक और शक्तिशाली विक्षोभ:
मौसम विभाग ने पूर्वानुमान जताया है कि 15 और 16 मार्च के बाद राहत का यह सिलसिला थमेगा नहीं। 19 मार्च से प्रदेश में एक और तीव्र पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, जिसका असर पूरे उत्तर प्रदेश में व्यापक रूप से देखने को मिलेगा।
इन जिलों में विशेष अलर्ट:
- तेज हवाएं (30-50 किमी/घंटा): सहारनपुर, मेरठ, गाजियाबाद, मुजफ्फरनगर, बागपत, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा और आसपास के इलाके।
- बारिश और बिजली: लखीमपुर खीरी, सीतापुर, बहराइच, श्रावस्ती, गोंडा, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर।
- सावधानी: बिजली चमकने के दौरान पेड़ों के नीचे शरण न लें और खुले मैदान में जाने से बचें। किसान भाई कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दें।











