10:10 बजे जिलाधिकारी ने अचानक शुरू की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग, लक्ष्मीपुर, धानी और परतावल BDO समेत कई जिला स्तरीय अफसरों से मांगा स्पष्टीकरण।
Reported by: Adrash Tripathi
Edited by: Amit Yadav
Updated: 13 February, 2026 (Friday, 06:38pm)IST
महराजगंज: जनपद के सरकारी दफ्तरों में लेटलतीफी और जनसुनवाई में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा का चाबुक चला है। शुक्रवार सुबह ठीक 10:10 बजे जिलाधिकारी ने औचक रूप से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए जिले के तमाम कार्यालयों की उपस्थिति खंगालनी शुरू कर दी। इस दौरान एक-एक कर अधिकारियों के नाम पुकारे गए, जिसमें कई जिम्मेदार अफसर अपनी कुर्सी से नदारद पाए गए।
इन अधिकारियों पर गिरी गाज:
जिलाधिकारी की इस डिजिटल जांच में लक्ष्मीपुर, धानी और परतावल के खंड विकास अधिकारी (BDO) अनुपस्थित मिले। जिला स्तरीय अधिकारियों में भी लापरवाही का आलम दिखा; डीसी (NRLM), उपनिदेशक कृषि, जिला उद्यान अधिकारी, डायट प्राचार्य, श्रम प्रवर्तन अधिकारी और डीसी राज्यकर वीसी के दौरान अनुपस्थित पाए गए। जिलाधिकारी ने इन सभी अधिकारियों को तत्काल स्पष्टीकरण जारी करने का निर्देश दिया है।
10 से 12 बजे तक ‘नो टॉलरेंस’:
डीएम ने सख्त लहजे में हिदायत दी है कि शासन की मंशा के अनुरूप हर हाल में सुबह 10:00 से 12:00 बजे तक अधिकारी अपने कार्यालय में मौजूद रहें। उन्होंने कहा कि यह समय केवल जनसुनवाई के लिए है, ताकि दूर-दराज से आने वाले ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर निस्तारण हो सके।
भविष्य में भी होगी ऐसी कार्रवाई:
जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने दो टूक शब्दों में कहा कि जनसुनवाई में किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में भी इसी तरह अचानक वीडियो कॉल या वीसी के माध्यम से उपस्थिति की जांच की जाएगी। अधिकारियों को कार्यालय समय का कड़ाई से पालन करना होगा, अन्यथा कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।











